Home | MyGov

Accessibility
ऐक्सेसिबिलिटी टूल
कलर एडजस्टमेंट
टेक्स्ट साइज़
नेविगेशन एडजस्टमेंट

27 अक्टूबर 2024 के मन की बात कार्यक्रम के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को अपने सुझाव भेजें

27 अक्टूबर 2024 के मन की बात कार्यक्रम के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को अपने सुझाव भेजें
आरंभ करने की तिथि :
Oct 09, 2024
अंतिम तिथि :
Oct 25, 2024
23:45 PM IST (GMT +5.30 Hrs)
प्रस्तुतियाँ समाप्त हो चुके

माननीय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी उन विषयों और समस्याओं पर अपने ...

माननीय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी उन विषयों और समस्याओं पर अपने विचार शेयर करना चाहते हैं, जो आपके लिए महत्वपूर्ण हैं। प्रधानमंत्री जी आपको मन की बात के 115वें एपिसोड में संबोधित किए जाने वाले विषयों पर अपने विचार शेयर करने के लिए आमंत्रित करते हैं।

मन की बात के आने वाले एपिसोड में जिन विषयों या समस्याओं पर आप चाहते हैं कि प्रधानमंत्री जी बात करें, उनके बारे में हमें अपने सुझाव भेजें। इस खुले मंच में अपने विचार शेयर करें या आप वैकल्पिक रूप से टोल-फ्री नंबर 1800-11-7800 पर कॉल कर सकते हैं और प्रधानमंत्री जी के लिए अपने संदेश को हिंदी या अंग्रेजी किसी भी भाषा में रिकॉर्ड कर सकते हैं। रिकॉर्ड किए गए कुछ संदेश ब्रॉडकास्ट का हिस्सा बन सकते हैं।

आप 1922 पर एक मिस्ड कॉल भी दे सकते हैं और सीधे प्रधानमंत्री जी को अपने सुझाव देने के लिए SMS में मिले लिंक को फॉलो कर सकते हैं।

और 27 अक्टूबर 2024 को सुबह 11:00 पर मन की बात कार्यक्रम के लिए जुड़े रहें।

फिर से कायम कर देना
2198 सबमिशन दिखा रहा है
Swaminathan Krishnan
Swaminathan Krishnan 1 year 8 महीने पहले
Respected PM , On one hand Mr. Nitin Gadkari talks about increased speeds on our highways . But there is stark indiscipline with many automobiles , mainly two wheelers driving in the opposite direction . They go unpunished . In developed countries , people driving in the opposite direction are jailed . Because , they put all other road users in trouble . Please bring in strong punishment for those 1. Driving in opposite direction 2. Parked vehicles . So may trucks are parked in our highways and streets literally blocking the smooth passage of traffic 3. Over speeding motorcycles ; this has become a menace in the city roads and highways ; they put all other road users at risk . Viksit Bharat means where every person respects the common good of all citizens . Freedom of movement can be there for every citizen as long as it does not hurt other road users . Imprisonment is a must for opposite direction drivers Sir. Please bring this law immediately and enforce it . Thanks.
nitin walia
nitin walia 1 year 8 महीने पहले
नमस्कार प्रधानमंत्री जी, भारत एक ऐसा देश है जहाँ भाषा, संस्कृति और परंपरा की विविधता अद्वितीय है। हमारी 89% से अधिक जनसंख्या स्थानीय भाषाओं में संवाद करती है, जबकि इंटरनेट पर अंग्रेजी का वर्चस्व देखा जाता है। डिजिटल युग में, यह जरूरी है कि इंटरनेट और डिजिटल सेवाएँ सभी भारतीय भाषाओं में उपलब्ध हों ताकि देश के हर कोने तक डिजिटल सशक्तिकरण पहुँच सके। यूनिवर्सल एक्सेप्टेंस (UA) इस दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है, जो गैर-अंग्रेज़ी भाषाओं के उपयोगकर्ताओं को इंटरनेट पर पूरी सुविधा प्रदान कर सकती है। भारत सरकार के इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MEITY) और नेशनल इंटरनेट एक्सचेंज ऑफ इंडिया (NIXI) ने इस दिशा में शानदार कदम उठाए हैं। भारत की सभी 22 आधिकारिक भाषाओं में इंटरनेशनलाइज्ड डोमेन नेम्स (IDNs) और ईमेल पते की सेवाएं उपलब्ध कराई गई हैं। यह पहल "मेड इन इंडिया" प्लेटफार्म के तहत की गई है, जो हमें गर्व से भर देती है और आत्मनिर्भर भारत की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। आज आवश्यकता इस बात की है कि देश के हर व्यक्ति को यह जानकारी दी जाए कि वे अपनी मातृभाषा में डोमेन और और ईमेल सकते हैं
mygov_172933910850582621
Prakash Nair
Prakash Nair 1 year 8 महीने पहले
Respected Sir, CPGRAM was/is good tool to lodge complaint and get tenable redressal but of late the officials are scant regard even to the complaint forwarded through PMO. Either reply/redressal is not recieved or the response is very vague. Of late the recourse to appeal is also not available. Even email to the contact in PMO given on CPGRAM on the matter to the has not yielded. This dispensation is known for its implementation of the launched program in letter and spirit or the zeal has fizzled out after the latest loksabha results. I request your honourable self to look into it. Regards
ROHIT KUMAR AGGARWAL
ROHIT KUMAR AGGARWAL 1 year 8 महीने पहले
यहाँ मन की बात के लिए एक सुझाव है, जिसका विषय स्कूलों में यातायात नियमों की पढ़ाई पर आधारित हो सकता है, जिसे प्रधानमंत्री मोदी उठा सकते हैं: "नई पीढ़ी, सुरक्षित भारत" इस एपिसोड में प्रधानमंत्री इस बात पर जोर दे सकते हैं कि स्कूल पाठ्यक्रम में यातायात नियमों और सड़क सुरक्षा की शिक्षा को शामिल करना कितना जरूरी है। मुख्य बिंदु निम्नलिखित हो सकते हैं: यातायात नियमों की प्रारंभिक शिक्षा का महत्व: यह बताएं कि कैसे छोटी उम्र से यातायात नियमों की शिक्षा देना भविष्य के जिम्मेदार ड्राइवर, साइकिल चालक और पैदल यात्रियों के व्यवहार को विकसित कर सकता है। इससे जीवनभर की आदतें बनेंगी, जो सभी के लिए सड़कों को सुरक्षित बनाएंगी। युवा पीढ़ी को बदलाव के वाहक के रूप में देखना: इस बात पर जोर दें कि बच्चे सड़क सुरक्षा के दूत बन सकते हैं, जो अपने परिवार और समाज में जागरूकता फैला सकते हैं। यातायात नियमों को सीखकर, वे अपने माता-पिता और बड़ों को भी इन नियमों का पालन करने के लिए प्रेरित कर सकते हैं, जिससे सुरक्षा की संस्कृति को बढ़ावा मिलेगा।
SAHIL ARORA
SAHIL ARORA 1 year 8 महीने पहले
DEAR PRIME MINISTER MYGOV.IN TEAM GROUP ENTIRE MINISTRY CENTRAL STATE UNION FOR ALL PUBLIC YOUTH GENERATION RSS BJP VHP NDA IPA THANKY YOU FOR MYGOV.IN TEAM GROUP CENTRAL MINISTRY NATIONAL YOUTH ANTHEM WRITTEN BY SAHIL ARORA FELLOW CITIZEN OF HINDUSTAN BHARAT INDIA JAI HIND BHARAT MATA KI JAI VANDEY MATRAM VASUDEV KUTUMABAKM CREATE HISTORY VISHWA GURU BHARAT NUMBER ONE ECONOMY HINDURASHTRA DECLARE SOON OUR CITIZEN OF HINDUSTAN INDIA BHARAT HINDUSTAN SAHIL ARORA FELLOW CITIZEN OF HINDUSTAN
ANUPAM GOSWAMI
ANUPAM GOSWAMI 1 year 8 महीने पहले
भारत सरकार में कार्यरत उच्च पदों के अधिकारियों को चाहिए की अपने पदों की गरिमा देखते हुए सरकारी तंत्र का दुरुपयोग ना करे एवं सरकारी संसाधनों का निजी प्रयोग ना करें।