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24 अप्रैल 2022 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मन की बात कार्यक्रम के लिए भेजें अपने सुझाव

Inviting ideas for Mann Ki Baat by Prime Minister Narendra Modi on 24th April 2022
आरंभ करने की तिथि :
Apr 02, 2022
अंतिम तिथि :
Apr 22, 2022
23:45 PM IST (GMT +5.30 Hrs)
प्रस्तुतियाँ समाप्त हो चुके

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एक बार फिर आपसे जुड़े महत्वपूर्ण विषयों ...

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एक बार फिर आपसे जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर अपने विचार साझा करेंगे। मन की बात कार्यक्रम के 88 वें संस्करण के लिए प्रधानमंत्री आपसे सुझाव आमंत्रित करते हैं, ताकि इस कार्यक्रम में आपके नूतन सुझावों व प्रगतिशील विचारों को शामिल किया जा सके।

'मन की बात' के आगामी संस्करण में आप जिन विषयों व मुद्दों पर प्रधानमंत्री से चर्चा सुनना चाहते हैं, उससे संबंधित अपने सुझाव व विचार भेजना न भूलें। आप अपने सुझाव इस ओपन फोरम के माध्यम से साझा कर सकते हैं अथवा हमारे टॉल फ्री नंबर 1800-11-7800 डायल करके प्रधानमंत्री के लिए अपना सन्देश हिन्दी अथवा अंग्रेजी में रिकॉर्ड करा सकते हैं। कुछ चुनिंदा संदेशों को 'मन की बात' में भी शामिल किया जा सकता है।

इसके अलावा आप 1922 पर मिस्ड कॉल करके एसएमएस के जरिए प्राप्त लिंक का इस्तेमाल कर सीधे प्रधानमंत्री को भी सुझाव भेज सकते हैं।

24 अप्रैल 2022 को सुबह 11:00 बजे मन की बात कार्यक्रम सुनना न भूलें|

फिर से कायम कर देना
2035 सबमिशन दिखा रहा है
Vikas Mahajan
Vikas Mahajan 4 साल 2 महीने पहले
मेरे द्वारा माननीय प्रधान मंत्री जी के मुल मन्त्र राष्ट्र निर्माण की भावना से कार्य करना,के लिए कार्य करना को आत्मसात करके एक सरकारी स्कूल को प्रायवेट स्कूल की तर्ज पर विकसित किया गया है । जिसका यु टयूब वीडियो शेयर किया गया है । बात उंन दिनो की है जब मै 14 जुन 2014 को मेधावी किन्तु मध्यम वर्गीय परिवार के विद्यार्थियो के लिए कुछ करने की सोच लिये मॉडल स्कूल देवास,मध्यप्रदेश में जोइन हुआ था । किन्तु उस समय यह विद्यालय भवन के अभाव में अन्य शासकीय स्कूल में लग रहा था ।लगभग 2 वर्ष बाद दिनांक 22 अगस्त 2016 को मेरे द्वारा 267 विद्यार्थियो को लेकर दोनो माध्यम तथा मेरे 2 अन्य शिक्षक साथियों के साथ संघर्षमयी परिस्थिति में स्कूल को उसके नवनिर्मित भवन में स्थानांतरित किया गया। कई चुनौतियों के बावजूद यह मेरे लिए एक सपने को पुरा होने जैसा था,जो मैने बचपन में देखा था । जब मुझे एक प्रायवेट स्कूल ने 1996 मे यह कहकर प्रवेश देने से मना कर दिया था कि हम सरकारी स्कूल के विद्यार्थियो को प्रवेश नही देते हैं । वही ज्वाला को बुझाने का मौका मिला था इसलिये सारी समस्याएँ मेरे सामने गौण थी । मै दिन रात कार्य में लग
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Pankaj Mehra
Pankaj Mehra 4 साल 2 महीने पहले
आदरणीय प्रधानमंत्री जी, सादर प्रणाम। विषय- वाहनों के लिए चमकीली पट्टी का प्रयोग अनिवार्य करना। महोदय जी, निवेदन यह है कि हमारे देश में जितने भी वाहन हैं उनके लिए रात को चमकने वाली पट्टी का प्रयोग अनिवार्य किया जाये। प्रत्येक् वाहन के फेस और बैक में पट्टी को इस तरह से चिपकाया जाये की उसकी चौङाई का पता चल जाए। इस तरह से बहुत से एसिडेंट्स को होने से रोका जा सकेगा और ऐसे लोग जो रात को सफर करते हैं उनके सफर को भी सुरक्षित बनाया जा सकेगा। लोगो की जिंदगी की सुरक्षा के लिए भी ये कदम बहुत कारगर साबित होगा। महोदय जी, आप ज़रूर इस पर विचार करें। धन्यबाद सहित, पंकज ।
kuldeep mohan trivedi
kuldeep mohan trivedi 4 साल 2 महीने पहले
पीएम जी,आपके द्वारा देश के लाखों लोगों को पीएम आवास योजना से लाभान्वित कराया गया।गर्मी,बरसात और सर्दी में ठिठुरते लोगो को घर देकर उनके जीवन को आपने सवारने का किया।इस योजना का लाभ आर्थिक गणना में उपलब्ध कराई गई सूची से किया जाता है।सूची में पात्र को अपात्र और पात्र लोगो को अक्सर नीचे स्थान मिलता है।पात्र को लाभ कम और अपात्र लाभान्वित हो जाते है।आपसे अनुरोध है कि PM आवास योजना का लाभ स्थलीय जांच के बाद उस व्यक्ति को दिया जाए।जो वास्तव में पात्र हो।जिसके पास छत न हो।घर सारा गिरा हो।
Jugnu kumari
Jugnu kumari 4 साल 2 महीने पहले
हमें जो संविधान में अधिकार दिए गए हैं, अधिकार मिलते हुए भी हम उस अधिकार नहीं मिल पा रही हैं तो धिकार है हमें इस अधिकार पर , हमारे देश में जो संविधान हैं वो विश्व का सबसे बड़ा संविधान लिखित हैं,। हमारी उद्देश्य संविधान का न तो उलंघन करना है ना ही अपमान। फिर भी आप नम्र निवेदन है कि जैसे आप परीक्षा पे चर्चा की बातें करते वो हमें बहुत बहुत अच्छा लगता है वैसे ही आप अधिकार के बारे में जागरूक करें । हम भी पढ़ें है और हमारे देश की जनता भी लेकिन उसका उपयोग करना नहीं जितना पढ़ें वो पुस्तक तक ही सीमित कर रह गई उससे आगे नहीं बढ़ पाई ।
Jugnu kumari
Jugnu kumari 4 साल 2 महीने पहले
माननीय प्रधानमंत्री जी हमें हमारे संविधान में जो भी अधिकार दिए गए हैं उसके लिए कुछ अभियान चलाया जाए क्योंकि जब हम अपने अधिकारों के लिए लड़ते हैं या आवाज उठाते है तो उसे दबा दिए जाते हैं।ये कहकर कि तुम लड़की हो,या समाज कहती हैं हमारे परिवार से तुम इसे और पढ़ाओगे तो ये और बोलेंगी और हमें हमारे अधिकार से हमारे पढ़ाई से हमारे सपनों को जिन लिए जाते हैं। और हमें उस बंधन में बांध दिया जाता है जिससे हमें आगे बढ़ने से रोक कर दो दो परिवारों कि जिम्मेदारी थमा दी जाती है।
Dr anjalee anil chiwhane
Dr anjalee anil chiwhane 4 साल 2 महीने पहले
Pranam.Farmers suffer from load shedding,lack of modern equipment like cultivator ,tractor,seed banks and so many other.Can we have dedicated Kisan Mitra cell which includes an agricultural officer with farming knowledge a seed bank and all equipment’s available on reasonable rent for farmers so they can refer their problems.Also farmers should have access to water unconditionally as all farm products depend on water.
Chakilam Vasavi Sandhya
Chakilam Vasavi Sandhya 4 साल 2 महीने पहले
Namaste Glad to see the initiative approach of government to take suggestions from public. It would be pleasure and helpful if Prime minister could make reforms in education especially on the challenges of remote area students who cannot afford expenses to learn skills benefit for their livelihood and upgrade themselves. Thank you
CHANDRA SEKHAR SAHU
CHANDRA SEKHAR SAHU 4 साल 2 महीने पहले
Respected Prime Minister, I am from Inspiring Odisha- a web channel and we cover the stories of the individual change-makers from the grassroots in Odisha. One such story is about Sarojini Mahanta from Ulsurei village under the Kuliposh forest range in Sundargarh. This lady has created an artificial forest, planted around 3200 wild floras there, and takes care of it religiously. The small forest is now the home of many birds and relief ground for passersby. I request you to mention that lady's name and her extraordinary work in 'ManKiBaat' so that more and more people can understand that change always starts from the individual level.
ShaswatiPaul
ShaswatiPaul 4 साल 2 महीने पहले
sir, type of education system in west bengal is going down. in some states teachers are not good . if teachers and their teaching quality are not well then how students improve themselves. say something about teaching process to the teachers and parents also and motivate all students specially who belongs to the rural area. teachers sab time pe payse leta hai teachers ka jo asli Kam hai wo karta hi nehi. Khan sir jaysi teachers ki bohot jarurat hai sir. thanku sir